बस्ती (सू.वि.उ.प्र.)। मुख्य राजस्व अधिकारी द्वारा बताया गया कि भारत सरकार के निर्देशानुसार प्रदेश में एग्रीस्टैक (डिजिटल पब्लिक इंफ्रास्ट्रक्चर फॉर एग्रीकल्चर) के अंतर्गत किसानों की फार्मर रजिस्ट्री तैयार किए जाने हेतु 6 अप्रैल से 15 अप्रैल 2026 तक विशेष अभियान संचालित किया जा रहा है। जनपद बस्ती विगत चार दिनों से प्रदेश के टॉप-5 जनपदों में शामिल है। मुख्य राजस्व अधिकारी द्वारा बताया गया कि अभियान की समीक्षा लगातार जिलाधिकारी की अध्यक्षता में की जा रही है, जिसमें जिला विकास अधिकारी, जिला कृषि अधिकारी (जनपद स्तरीय नोडल अधिकारी) सहित अन्य संबंधित अधिकारी सक्रिय रूप से कार्य कर रहे हैं। प्रत्येक विकास खंड स्तर पर नोडल अधिकारी नामित कर कार्य में तेजी लाई गई है। मुख्य राजस्व अधिकारी द्वारा यह भी बताया गया कि जनपद में अब तक 3,65,039 किसानों की फार्मर रजिस्ट्री पूर्ण कर ली गई है, जिससे जनपद प्रदेश में चौंतीस स्थान पर पहुंच गया है। समीक्षा के दौरान खराब प्रदर्शन करने वाले कर्मचारियों के वेतन को अप्रैल माह तक रोकने के निर्देश दिए गए हैं। उन्होंने बताया कि प्रत्येक ग्राम पंचायत में विशेष अभियान चलाया जा रहा है तथा अधिकारी स्वयं क्षेत्र में पहुंचकर कार्यों का निरीक्षण कर रहे हैं। लापरवाही एवं अनुपस्थित पाए गए कर्मचारियों के विरुद्ध नियमानुसार कार्रवाई की जा रही है। मुख्य राजस्व अधिकारी द्वारा सभी किसानों से अपील की गई है कि वे शीघ्र अपनी फार्मर रजिस्ट्री कराएं। उन्होंने बताया कि कृषि विभाग की योजनाओं, बीज, उर्वरक, कीटनाशक एवं कृषि यंत्रों पर अनुदान प्राप्त करने, फसल बीमा का लाभ लेने तथा प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना का लाभ पाने के लिए फार्मर रजिस्ट्री कराना अनिवार्य है।
कैसे कराएं फार्मर रजिस्ट्री
किसान अपने आधार कार्ड, खतौनी की छायाप्रति एवं आधार से लिंक मोबाइल नंबर के साथ नजदीकी विशेष अभियान कैंप में उपस्थित होकर कृषि/राजस्व/पंचायत विभाग के कर्मचारियों से संपर्क कर सकते हैं। इसके अतिरिक्त जन सेवा केंद्र या मोबाइल/सहायक ऐप के माध्यम से भी स्वयं पंजीकरण किया जा सकता है।
खुद की क्षमताओं पर यकीन रखते थे बाबा साहब-महेन्द्रनाथ यादव
बस्ती। मंगलवार को समाजवादी पार्टी कार्यालय पर बाबा साहब के जयन्ती अवसर पर पार्टी नेताओं, कार्यकर्ताओं ने उनके व्यक्तित्व, कृतित्व, योगदान पर विस्तार से चर्चा किया। सपा जिलाध्यक्ष और सदर विधायक महेन्द्रनाथ यादव ने बाबा साहब को नमन् करते हुये कहा कि बाबा साहब हमेशा लोगों को साथ लेकर चले, इसीलिए उनका व्यक्तित्व इतना बड़ा बन सका। बाबा साहब खुद की क्षमताओं पर यकीन रखते थे, उनका मानना था कि अगर व्यक्ति को खुद पर भरोसा है तो वो बड़े से बड़ा काम भी आसानी से कर सकता है। उन्होने कठिन परिवेश में समाज निर्माण के दायित्वों को बखूबी निभाया। नयी पीढी को बाबा साहेब से प्रेरणा लेना चाहिये। विधायक कविन्द्र चौधरी अतुल ने कहा कि बाबा साहब का मानना था कि व्यक्ति की तरक्की में सभी का साथ होता है, इसलिए उसे लोगों को साथ लेकर चलना चाहिए। उनका योगदान सदैव याद किया जायेगा। पूर्व विधायक राजमणि पाण्डेय, राम जियावन, जावेद पिण्डारी, गीता भारती, संजय गौतम, मो. स्वालेह, मो. सलीम, समीर चौधरी, आर.डी. निषाद, आदि ने कहा कि बाबा साहब का बचपन काफी संघर्ष भरा था, लेकिन उन्होंने हर परिस्थिति का डटकर सामना किया और अपनी शिक्षा को पूरा किया। ये बाबा साहब की काबिलियत ही थी कि उन्होंने 32 डिग्रियां हासिल की, इतना ही नहीं डॉक्टरेट की डिग्री उन्होंने विदेश से ली, इसके बाद दलितों के उत्थान के लिए काम करना शुरू किया। उन्हे भारत के संविधान निर्माण का श्रेय है। उनका व्यक्तित्व विराट है, उनका योगदान सदैव याद किया जायेगा। सपा कार्यालय पर आयोजित कार्यक्रम के बाद सपा जिलाध्यक्ष और सदर विधायक महेन्द्रनाथ यादव ने कटेश्वरपार्क स्थित बाबा साहब की प्रतिमा पर माल्यार्पण कर नमन् किया और जनपद के अनेक हिस्सों में आयोजित कार्यक्रमों में हिस्सा लिया। बाबा साहब के जयन्ती अवसर पर मुख्य रूप से नगर पंचायत अध्यक्ष कौशलेन्द्र सिंह ‘राज’ू राजेन्द्र चौरसिया, धर्मराज यादव, गुलाब सोनकर, संजय गौतम, सुरेश सोनकर, जीत बहादुर सिंह, राजेन्द्र यादव, रामशंकर निराला, सौरभ मिश्रा ‘सनी’, जमील अहमद, तूफानी यादव, श्याम सुन्दर यादव, हिमांशु रानू सिंह, नितराम चौधरी ‘मल्लू’ जर्सी यादव, भरथ राम चौधरी, राजेश यादव, गौरव सिंह, रजनीश यादव, राजाराम यादव, सुभाष चन्द्र यादव, अरविन्द यादव, का. रामलौट, महेन्द्र के साथ ही पार्टी के अनेक पदाधिकारी, कार्यकर्ता उपस्थित रहे। कार्यक्रम के अंत में समाजवादी पार्टी के क्रांतिकारी साथी विश्वम्भर चौधरी और वरिष्ठ नेता श्याम मणि यादव के पूज्य पिता के आकस्मिक निधन पर दो मिनट का मौन रखकर श्रद्धासुमन अर्पित किया गया।