
बस्ती (उ.प्र.)। उत्तर प्रदेश एसोसिएशन ऑफ जर्नलिस्ट (उपज) के प्रादेशिक अधिवेशन में झारखंड के राज्यपाल संतोष कुमार गंगवार ने पत्रकारों से कहा कि वे देश और समाज के प्रति अपनी जिम्मेदारी ईमानदारी से निभाएं।
11 अप्रैल को मुरादाबाद के दिल्ली रोड स्थित होटल राही में आयोजित कार्यक्रम में उन्होंने कहा कि आजादी की लड़ाई में पत्रकारों की बड़ी भूमिका रही है और आज डिजिटल दौर में भी उनकी जिम्मेदारी उतनी ही महत्वपूर्ण है। उन्होंने कहा कि पत्रकारों को ऐसी खबरें करनी चाहिए जो समाज से जुड़ी हों और लोगों के काम आएं। राज्यपाल ने पत्रकारों की समस्याओं का जिक्र करते हुए कहा कि इन पर विशेष ध्यान देने की जरूरत है। उन्होंने बताया कि श्रम मंत्री रहते हुए उन्होंने पत्रकारों के हित में कई काम किए थे। अधिवेशन में अच्छे काम के लिए प्रदेश सचिव जयंत कुमार मिश्र और बस्ती के जिलाध्यक्ष रमेश चंद्र मिश्र को सम्मानित किया गया। प्रदेश सचिव जयंत कुमार मिश्र ने बताया कि अधिवेशन में पत्रकारों के हित में कई प्रस्ताव पास किए गए। इनमें पत्रकार पेंशन, आयुष्मान कार्ड की समस्याएं दूर करना, रेल यात्रा रियायत बहाल करना, आवास की व्यवस्था, प्रेस मान्यता समिति का गठन, रोडवेज में मुफ्त सहयात्री सुविधा, पत्रकार सुरक्षा, छोटे अखबारों को विज्ञापन और पत्रकार कल्याण कोष शामिल हैं। प्रदेश अध्यक्ष सर्वेश कुमार सिंह ने कहा कि इन सभी प्रस्तावों को सरकार के पास भेजा जाएगा और उन्हें लागू कराने के लिए प्रयास किए जाएंगे।
सचिन ने किया पौधरोपण का आवाहन
बस्ती। बहुजन समाज पार्टी नेता और बस्ती सदर विधानसभा क्षेत्र से प्रबल दावेदार सचिन कुमार श्रीवास्तव ने कहा कि बाबा साहब डा. भीमराव अम्बेडकर की 135 जयंती पर यही संकल्प लेना है कि समाज के सभी वर्गो को शिक्षा का समान अवसर मिले। कहा कि बाबा साहब ने शिक्षित बनो, संघर्ष करो का जो नारा दिया था वह आज भी प्रासंगिक है। आज भी शिक्षा एक बड़ी चुनौती है। विधानसभा क्षेत्र में सम्पर्क के दौरान उन्होने देखा है कि अशिक्षा आज भी कायम है। गरीबी भी बड़ी चुनौती है। उन्होने बाबा साहब की जयंती पर पौधरोपण का आवाहन किया जिससे प्रकृति सुरक्षित रहे और पर्यावरण प्रदूषण से मुक्ति मिले।

बसपा नेता सचिन कुमार श्रीवास्तव ने बताया कि 14 अप्रैल को बहन सुश्री मायावती के आवाहन पर बड़ी संख्या में पार्टी पदाधिकारी, कार्यकर्ता, समर्थक लखनऊ पहुंचेंगे। यहां भव्यता के साथ मनायी जाने वाली जयन्ती में शामिल होंगे।
घरेलू गैस संकट के विरोध में महिला कांग्रेस ने प्रदर्शन कर मुख्यमंत्री को भेजा ज्ञापन
बस्ती। महिला कांग्रेस जिलाध्यक्ष लक्ष्मी यादव के नेतृत्व में महिला कांग्रेस पदाधिकारियों, कार्यकर्ताओं ने कांग्रेस नेताओं के साथ घरेलू गैस संकट को लेकर पद यात्रा करते हुये प्रदर्शन किया। इसके बाद जिलाधिकारी के प्रशासनिक अधिकारी के माध्यम से मुख्यमंत्री को 5 सूत्रीय ज्ञापन भेजा गया।

मुख्यमंत्री को भेजे ज्ञापन में गैस की कालाबाजारी पर रोक लगाकार पूर्व की भांति गैस सिलेन्डर उपलब्ध कराये जाने, महिला उत्पीड़न की घटनाओं पर रोक लगाने, ग्रामीण इलाकों के पेट्रोल पम्पों पर पेट्रोल, डीजल उपलब्ध कराने, सरकारी क्रय केन्द्रांें पर गेहूं खरीद सुनिश्चित किये जाने, छुट्टा जानवरों से किसानों की फसल बरबाद होने से रोकने की व्यवस्था किये जाने आदि की मांग शामिल है। ज्ञापन देने के बाद महिला कांग्रेस जिलाध्यक्ष लक्ष्मी यादव ने कहा कि जनपद में सरकार के दावों के बावजूद घरेलू गैस उपभोक्ताओं को नहीं मिल पा रहा है। कालाबाजारी जोरों पर है। इस पर अंकुश लगाया जाय।
कांग्रेस जिलाध्यक्ष विश्वनाथ चौधरी, पूर्व जिलाध्यक्ष ज्ञानेन्द्र पाण्डेय ज्ञानू, कांग्रेस आर.टी.आई. विभाग के प्रदेश उपाध्यक्ष महेन्द्र श्रीवास्तव, शास्त्री डी.एन. त्रिपाठी ने कहा कि मोदी सरकार में नोटबंदी के बाद देश एक बार फिर घरेलू गैस के लिये लाइन में खड़ा है। गैस संकट के कारण कई घरों में भोजन का संकट है। लोग कई दिनों तक सिलेण्डर लेकर आते हैं और निराश होकर घर लौट जाते हैं। कहा कि युद्ध के बीच गैस संकट के लिये सीधे तौर पर सरकार की नीति जिम्मेदार है। मांग किया कि गैस संकट को तत्काल दूर कराया जाय।
घरेलू गैस संकट और कालाबाजारी के विरोध में प्रदर्शन और ज्ञापन देने वालों में मुख्य रूप से शिमला, आरती, शीला, अनारा, गुड्डी, महिला कांग्रेस जिलाध्यक्ष लक्ष्मी यादव, सुभार्जी, सुनीता, मंजू, शकुन्तला, रोशनी, पूजा, कलावती, सरोज, ज्ञानमती, सरिता, सरोज, गायत्री, ममता, अनीता, फूलादेवी, शारदा, सुशीला, साधना, इन्दू, कुशलावती, यशोदा, संगीता, रजली, रंगीला, गीता, प्रीती, विन्दू, हशीमुन्निशा, शबनम, मदीना, शान्ती, रीना, सुनीता, अनीता, कविता, शबीहा, दीप शिखा, हरिओम, लालजी पहलवान, शौकत अली, आशुतोष पाण्डेय, दिलीप श्रीवास्तव, गंगा मिश्रा, विश्वजीत, भूमिधर, हाजी वहाब, सुनील कुमार, हरिओम, अनित भारती, चन्द्रशेखर के साथ ही कांग्रेस के अनेक नेता, कार्यकर्ता शामिल रहे।


