
बस्ती (उ.प्र.)। यूजीसी यानी यूनिवर्सिटी ग्रांट कमीशन के नियमों बदलाव कर नये बिल लागू किये के विरोध में जहां देश भर में विभिन्न तरीकों से विरोध प्रदर्शन हो रहे हैं और इस बिल को सवर्णों के लिए दमनकारी और बड़े सामाजिक विभाजन के रुप में देखा जा रहा है, वहीं उत्तर प्रदेश के बस्ती में भी कई सामाजिक संगठनों एक एक साथ होकर नौ फरवरी को यूजीसी के नये नियमों के खिलाफ स्थानीय मुख्यालय पर भारी जनाक्रोश रैली का आयोजन कर डीएम कार्यालय पहुंचकर राष्ट्रपति एवं प्रधानमंत्री को ज्ञापन दिया जायेगा। राष्ट्रीय सवर्ण शक्ति मोर्चा, राष्ट्रीय जनान्दोलन मोर्चा, करणी सेना, ब्राह्मण महासभा एवं बजरंग दल ने पत्रकारों से वार्ता कर यूजीसी नियमों के खिलाफ अपना विरोध जताया और नौ फरवरी के जनाक्रोश रैली में अधिक से अधिक लोगों सहभागिता करने की अपील की। इस विरोध प्रदर्शन में नये यूजीसी कानूनों को वापस लिये जाने तथा सवर्ण आयोग का गठन किये जाने की मांग की जा रही है।

राष्ट्रीय सवर्ण शक्ति मोर्चा के संयोजक रामजी पाण्डेय देव ने कहा कि नये यूजीसी कानून एकतरफा और भेदभावपूर्ण हैं। इससे सामाजिक सौहार्द और भाईचारा के बड़ा खतरा उत्पन्न होगा। सरकार को ऐसे विभाजनकारी कानून को तुरंत खत्म करना चाहिए जिससे समाज में वैमनस्यता न बढ़े और सामाजिक सौहार्द को और अधिक सुदृढ़ बनाया जा सके।

ब्राह्मण महासभा जिलाध्यक्ष नवीन दूबे ने कहा कि यह यूजीसी का नया कानून सवर्ण समुदाय का उत्पीड़न और शोषण करने के साथ ही सीधे तौर पर अपमानित करने का कानून है। जो कतई स्वीकार नहीं है। ऐसे कानून लाकर सरकार सवर्णों को उच्च शिक्षा से वंचित करना चाहती है। इस काले कानून को तुरंत वापस करना होगा और सवर्ण आयोग का गठन भी किया जाना चाहिए। इसके लिए हम सभी लोग चुप बैठने वाले नहीं हैं।

इस मौके पर राष्ट्रीय सवर्ण शक्ति मोर्चा के संयोजक राम जी पाण्डेय, ब्राह्मण महासभा जिलाध्यक्ष नवीन दूबे, सवर्ण आर्मी भारत के वरिष्ठ जिला उपाध्यक्ष अनिल कुमार मिश्र, आल इण्डिया जनान्दोलन न्याय मोर्चा के अध्यक्ष अभय देव शुक्ल, चित्रांश क्लब के संस्थापक राजेश चित्रगुप्त, करणी सेना के राम प्रताप सिंह एवं पूर्वांचल प्रभारी यशवन्त सिंह रोलू , राखी सिंह, सामाजिक कार्यकर्ता काजी फय्याज अहमद, सवर्ण आर्मी भारत के वशिष्ठ दूबे, अन्तर्राष्ट्रीय बजरंग दल के स्नेह पाण्डेय, ब्राह्मण महासभा के संजय शुक्ल, सुनील उपाध्याय, राम कृष्ण पाण्डेय, राष्ट्रीय बजरंग दल के मनमोहन त्रिपाठी एवं ब्राह्मण महासभा के प्रदेश अध्यक्ष प्रशान्त पाण्डेय आदि मौजूद रहे।





