
बस्ती (उ.प्र.)। डायट प्राचार्य एवं सहायक शिक्षा निदेशक बेसिक संजय कुमार शुक्ल के कार्य-व्यवहार को लेकर शिक्षकों की नाराजगी मुखर हो गई है। उत्तर प्रदेशीय प्राथमिक शिक्षक संघ के जिलाध्यक्ष चंद्रिका प्रसाद सिंह एवं जिला मंत्री बालकृष्ण ओझा के नेतृत्व में सोमवार को संगठन के पदाधिकारियों और शिक्षकों ने जिलाधिकारी को ज्ञापन सौंपकर प्रकरण की उच्चस्तरीय एवं निष्पक्ष जांच कराने की मांग की। संगठन ने आरोप लगाया कि प्रशिक्षण एवं बैठकों के दौरान शिक्षकों के साथ कथित रूप से अमर्यादित व्यवहार किया जा रहा है और चेतावनी दी कि प्रभावी कार्रवाई न होने पर आंदोलन का रास्ता अपनाया जाएगा।

संगठन ने विशेष रूप से 10 सितंबर 2026 को बहादुरपुर विकासखंड के समस्त प्रधानाध्यापकों के प्रशिक्षण के दौरान हुई एक घटना का उल्लेख करते हुए इसे गंभीर बताया है। शिक्षक संगठन के अनुसार बैठक में शौचालय एवं यूरिनल से जुड़े विषय को लेकर महिला शिक्षकों के साथ कथित रूप से अशोभनीय और अपमानजनक व्यवहार किया गया। ज्ञापन में कहा गया है कि महिला शिक्षिकाओं को यह कहकर अपमानित किए जाने का आरोप है कि उन्हें शौचालय का प्रयोग करना नहीं आता। इस घटना से महिला शिक्षिकाएं अत्यन्त आहत हुईं और कुछ शिक्षिकाएं भावुक होकर प्रशिक्षण कक्ष में ही रोने लगीं। संगठन ने कहा कि यह मामला केवल शिक्षकों के सम्मान तक सीमित नहीं है, बल्कि महिला शिक्षकों की गरिमा, कार्यस्थल की मर्यादा तथा सुरक्षित एवं सम्मानजनक वातावरण से जुड़ा गंभीर विषय है। ज्ञापन में मांग की गई कि संजय कुमार शुक्ल के विरुद्ध उच्चस्तरीय एवं निष्पक्ष जांच कराकर दोष पाए जाने पर आवश्यक कार्रवाई की जाए। संगठन ने शिक्षकों के नियमित प्रशिक्षण ब्लॉक संसाधन केंद्र (बीआरसी) पर आयोजित कराने, शिक्षक संगठनों एवं विभागीय बैठकों को बीआरसी अथवा न्याय पंचायत स्तर पर आयोजित करने तथा महिला शिक्षकों के साथ सम्मानजनक और मर्यादित व्यवहार सुनिश्चित करने के लिए स्पष्ट दिशा-निर्देश जारी करने की भी मांग की है। ज्ञापन में चेतावनी दी गई है कि यदि भविष्य में शिक्षकों के साथ इस प्रकार का कथित अमर्यादित व्यवहार जारी रहा और शिकायतों पर प्रभावी कार्रवाई नहीं हुई तो शिक्षक संगठन लोकतांत्रिक एवं शांतिपूर्ण ढंग से धरना-प्रदर्शन और आंदोलनात्मक कार्यक्रम करने को बाध्य होगा। 
ज्ञापन सौंपने वालों में मुख्य रूप से प्रवीण श्रीवास्तव, अखिलेश पाण्डेय, बब्बन पाण्डेय, अविनाश दुबे, मुरलीधर वर्मा, हरेंद्र यादव, संतोष पाण्डेय, वीरेंद्र शुक्ला, रजनीश यादव, वेद उपाध्याय, समीउल्लाह अंसारी, विजय यादव, अनिल पाठक, सनद पटेल, विजय, विवेक सिंह, सुरेश गौड़, संतोष पाण्डेय, सुरेंद्र यादव, धर्मराज यादव, संजय यादव, प्रमोद सिंह, बिंदेश्वरी मिश्र, डॉ अश्वनी, बब्बन पाण्डेय, धर्मेंद्र, विशाल सिंह, आसाराम, राजेश, अनुराग श्रीवास्तव, शिक्षामित्र संघ के जिलाध्यक्ष वीरेंद्र शुक्ल शामिल रहे।





