
बस्ती (उ.प्र.)। भारतीय जनता पार्टी बस्ती के जिलाध्यक्ष विवेकानन्द मिश्र द्वारा बुधवार को भाजपा कार्यालय पर आयोजित प्रेस वार्ता में 16 एवं 17 अप्रैल को संसद में हुए महत्वपूर्ण विधेयकों पर विपक्ष के रवैये की तीखी आलोचना की गई। उन्होंने कहा कि कांग्रेस, समाजवादी पार्टी, टीएमसी और डीएमके ने इन विधेयकों का विरोध कर देश की आधी आबादी महिलाओं के साथ विश्वासघात किया है और अपनी महिला-विरोधी मानसिकता को पूरी तरह उजागर कर दिया है।
उन्होंने बताया कि इस मुद्दे को लेकर पार्टी की महिला पदाधिकारियों द्वारा जनपद के प्रत्येक मंडल में “जन आक्रोश महिला पदयात्रा” निकाली जा रही है, जिसमें बड़ी संख्या में महिलाएं भाग लेकर अपना आक्रोश प्रकट कर रही हैं। साथ ही छात्रावासों एवं महाविद्यालयों में छात्राओं के बीच संपर्क अभियान चलाकर उन्हें जागरूक किया जा रहा है।
जिलाध्यक्ष ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने स्पष्ट रूप से कहा है कि नीति-निर्माण में महिलाओं की भागीदारी कोई उपकार नहीं, बल्कि उनका स्वाभाविक अधिकार है। इसके बावजूद विपक्ष द्वारा लगातार बाधाएं उत्पन्न करना अत्यंत दुर्भाग्यपूर्ण है। उन्होंने विश्वास जताया कि देश की जागरूक महिलाएं आने वाले चुनावों में ऐसे दलों को करारा जवाब देंगी।
प्रेस वार्ता के दौरान उन्होंने कहा कि गृहमंत्री अमित शाह ने परिसीमन को लेकर फैलाए जा रहे भ्रम को तथ्यों के साथ खारिज करते हुए स्पष्ट किया है कि इससे किसी भी राज्य के साथ अन्याय नहीं होगा, बल्कि दक्षिण भारत का प्रतिनिधित्व और सशक्त होगा।
जिलाध्यक्ष ने विपक्षी दलों पर आरोप लगाते हुए कहा कि वे जानबूझकर तकनीकी बहानों के माध्यम से प्रक्रिया को टालने का प्रयास कर रहे हैं। समाजवादी पार्टी द्वारा धर्म आधारित आरक्षण की मांग को उन्होंने असंवैधानिक और तुष्टिकरण की राजनीति करार दिया। उन्होंने कहा कि यह महिलाओं को उनके अधिकारों से वंचित रखने की सुनियोजित साजिश है।
उन्होंने कहा कि संसद में संविधान (131वां संशोधन) विधेयक, परिसीमन विधेयक एवं केंद्र शासित प्रदेश कानून (संशोधन) विधेयक पर हुई चर्चा देश के लोकतांत्रिक भविष्य और महिलाओं की भागीदारी को सशक्त बनाने का ऐतिहासिक अवसर था, जिसे विपक्ष ने बाधित करने का प्रयास किया।
जिलाध्यक्ष विवेकानन्द मिश्र ने कहा कि भारतीय जनता पार्टी महिला सशक्तिकरण, संतुलित प्रतिनिधित्व और लोकतंत्र को मजबूत करने के लिए पूर्णतः प्रतिबद्ध है और महिलाओं को उनका अधिकार दिलाने के लिए हर स्तर पर संघर्ष जारी रखेगी। इस मौके पर जिला महामंत्री अमृत कुमार वर्मा, जिला मंत्री नीरज पाण्डेय, मीडिया प्रभारी अजय पाल व नीरज त्रिपाठी भी उपस्थित रहे।
गनेशपुर में मकान के विवाद में मारपीट, एसपी से गुहार
बस्ती। वाल्टरगंज थाना क्षेत्र के गनेशपुर टोला चौरवा निवासी अशोक कुमार गुप्ता पुत्र स्वर्गीय राम दुलारे गुप्ता ने पुलिस अधीक्षक को पत्र देकर पट्टीदारी में मकान के विवाद को लेकर हुये मारपीट के मामले में दोषियों के विरूद्ध मुकदमा पंजीकृत कर कार्रवाई और अपने परिवार के जान माल के रक्षा की गुहार लगाया है।

एसपी को दिये पत्र में अशोक कुमार गुप्ता ने कहा है कि उनके पिता स्वर्गीय राम दुलारे और बडे पिता स्वर्गीय रामफेर दोनों सगे भाईयों ने तीन मंजिला पक्का मकान गनेशपुर टोला चौरवा में बनवाया जहां संयुक्त परिवार निवास करते हैं। दोनों की मृत्यु के बाद भू-तल पर अशोक कुमार गुप्ता का परिवार और ऊपर के मंजिल पर स्वर्गीय रामफेर के परिजन निवास करते हैं। तीसरे तल पर स्वर्गीय रामफेर के पुत्र कृष्ण गोपाल, ओम प्रकाश और धर्मेन्द्र ने जबरिया कब्जा कर लिया है और आये दिन कलह करते हैं। वे जबरिया अशोक कुमार गुप्ता के हिस्से का मकान कब्जा कर लेना चाहते हैं। इसी को लेकर आये दिन विवाद करते हैं। गत 25 अप्रैल को अशोक कुमार गुप्ता का बेटा सत्यम गुप्ता गांव के ही बच्चों को पढा रहा था कि ओम प्रकाश, गोलू उर्फ आर्यन, वशू, काजल, अंजनी सहित स्वर्गीय रामफेर के परिवार के सदस्यों ने मिलकर सत्यम को बुरी तरह से मारा पीटा, किराने की दूकान में तोड़फोड किया और बाहर खड़ी छात्रों की साईकिल को ढकेल दिया। इससे लगभग 20 हजार रूपये का नुकसान हुआ और सत्यम को काफी चोट आयी। घटना की सूचना गनेशपुर चौकी पर दिया गया, पुलिस ने दोनों पक्षों का मेडिकल कराकर शांति भंग के अन्देशे में चालान कर दिया। वाल्टरगंज पुलिस ने घटना की प्राथमिकी दर्ज नहीं किया। उल्टे पुलिस समझाते का दबाव बना रही है। अशोक कुमार गुप्ता का परिवार इससे डरा हुआ है। उसने मामले में दोषियों के विरूद्ध मुकदमा पंजीकृत कराकर कार्रवाई और अपने परिवार के जान माल के रक्षा की गुहार लगाया है।





