
बस्ती (उ.प्र.)। विश्व संवाद परिषद योग एवं प्राकृतिक चिकित्सा प्रकोष्ठ भारत के राष्ट्रीय महासचिव प्रोफेसर डॉ. नवीन सिंह ने बताया कि आधुनिक जीवनशैली में लोग अधिकतर समय घर, ऑफिस या बंद कमरों में बिताने लगे हैं, जिससे शरीर को पर्याप्त धूप नहीं मिल पाती। यही कारण है कि आजकल विटामिन D और विटामिन B12 की कमी तेजी से बढ़ रही है। स्वास्थ्य विशेषज्ञों के अनुसार इन दोनों विटामिनों की कमी शरीर और मानसिक स्वास्थ्य पर गंभीर प्रभाव डाल सकती है।
धूप से दूरी और अनियमित खानपान बना रहे लोगों को बीमार – प्रो.डॉ नवीन सिंह
विशेषज्ञों ने बताया कि विटामिन D मुख्य रूप से सूर्य की रोशनी से प्राप्त होता है। सुबह की हल्की धूप शरीर में विटामिन D बनाने में सहायक होती है, लेकिन इनडोर लाइफस्टाइल के कारण लोग धूप से दूर होते जा रहे हैं। इसके परिणामस्वरूप हड्डियों में दर्द, कमजोरी, थकान, जोड़ों की समस्या तथा प्रतिरोधक क्षमता में कमी जैसी समस्याएं बढ़ रही हैं।
वहीं विटामिन B12 की कमी का मुख्य कारण अनियमित भोजन, फास्ट फूड का अधिक सेवन और पौष्टिक आहार की कमी माना जा रहा है। विटामिन B12 की कमी से शरीर में कमजोरी, चक्कर आना, हाथ-पैरों में झुनझुनी, तनाव, भूलने की समस्या तथा मानसिक थकान जैसी परेशानियां उत्पन्न हो सकती हैं।
स्वास्थ्य विशेषज्ञों का कहना है कि प्रतिदिन कम से कम 20 से 30 मिनट सुबह की धूप लेना, संतुलित आहार अपनाना, हरी सब्जियां, दूध, दही, अंकुरित अनाज एवं पौष्टिक खाद्य पदार्थों का सेवन करना आवश्यक है। साथ ही नियमित योग, प्राणायाम और व्यायाम शरीर को स्वस्थ रखने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। विशेषज्ञों ने लोगों से अपील की कि वे अपने स्वास्थ्य की नियमित जांच कराएं और विटामिन की कमी को नजरअंदाज न करें, क्योंकि समय रहते सावधानी बरतकर अनेक बीमारियों से बचा जा सकता है।
कांग्रेसियों ने मनाई राजीव गांधी की पुण्यतिथि, योगदान पर हुई चर्चा
बस्ती। भारत के सातवें प्रधानमंत्री राजीव गांधी को उनकी पुण्यतिथि पर 21 मई को याद किया गया। वरिष्ठ कांग्रेसी राकेश पाण्डेय गांधियन के संयोजन एवं पूर्व जिलाध्यक्ष ज्ञानेन्द्र पाण्डेय ‘ज्ञानू’ की अध्यक्षता मे प्रेस क्लब सभागार मे आयोजित कार्यक्रम मे वक्ताओं ने उनके योगदान को याद किया और अपने प्रिय नेता को भावभीनी श्रद्धांजलि दी।

ज्ञानेन्द्र पाण्डेय ने अपने अध्यक्षीय सम्बोधन मे कहा कि भारत के पूर्व प्रधानमंत्री राजीव गांधी को ’आधुनिक भारत का शिल्पकार’ माना जाता है। दूरसंचार व कंप्यूटर क्रांति लाना, मतदान की आयु 21 से घटाकर 18 वर्ष करना, पंचायती राज को संवैधानिक दर्जा देना, और शिक्षा का आधुनिकीकरण तथा जवाहर नवोदय विद्यालयों की स्थापना राजीव गांधी का प्रमुख योगदान है। उन्होने कहा राजीव जी को युगों युगों तक याद किया जायेगा। कार्यक्रम संयोजक राकेश पाण्डेय गांधियन ने कहा राजीव गांधी ने आधुनिक भारत के निर्माण की नींव रखी और इस दिशा मे अनेक ऐतिहासिक फैसले किये।

अपने राजनीतिक मे उन्होने अदम्य साहस का परिचय दिया और दूसरे देशों पर अपनी धाक जमाकर रखा। मौजूदा राजनेताओं को उनसे सबक लेनी चाहिये। मो. रफीक खां. डा. मारूफ अली, डीएन शास्त्री, अतीउल्लाह सिद्दीकी, रामबचन भारती, डा. दीपेन्द्र सिंह, शीतला शुक्ला, सुरेन्द्र मिश्रा, नफीस अहमद आदि वक्ताओं ने कहा लोकतंत्र में युवाओं की भागीदारी बढ़ाने के लिए, राजीव गांधी ने 1989 में 61वें संविधान संशोधन के माध्यम से मतदान करने की न्यूनतम आयु 21 वर्ष से घटाकर 18 वर्ष कर दी।

इस ऐतिहासिक फैसले को भारत हमेशा याद रखेगा। इससे देश को लगातार युवा नेतृत्व मिल रहा है। सभी ने अपने नेता को श्रद्धांजलि दी और उन्हे भारत की राजनीति का युगदृष्टा बताया। कार्यक्रम मे लक्ष्मी यादव, मंजू पाण्डेय, शकुन्तला देवी, राजेन्द्र गुप्ता, सुनील पाण्डेय, अजमत अली, जगदीश शर्मा, प्रदीप पाण्डेय, करीम अहमद, बबलू गुप्ता, दन्दू शुक्ला, आनंद कुमार, रामकृष्ण दूबे, गंगा मिश्रा, मदन गुप्ता, अभिषेक सिंह सूर्यवंशी, दिनेश पाल, सद्दाम हुसेन आदि उपस्थित थे।





